Chapter 34: Father's Secret
अगली शाम। Aarav ने अपने पिता को फोन किया।
"पापा, मुझसे मिलना है। ज़रूरी बात है।"
Dr. Vikram Malhotra। 58 साल। Retired government doctor। Aarav के पिता।
"क्या बात है बेटा?"
"पापा... Room 0।"
फोन पर खामोशी आई। बहुत देर तक।
"पापा?"
"हाँ बेटा। मैं सुन रहा हूँ।"
"Room 0... आप जानते हैं?"
फिर खामोशी। फिर एक गहरी साँस।
"हाँ बेटा। मैं जानता हूँ।"
Aarav का दिल ज़ोर से धड़का। "आप... कब से?"
"बहुत पहले से। 2015 से। जब मैंने old wing बंद किया।"
"आपने... आपने old wing बंद किया?"
"हाँ। मैंने papers sign किए। 'Renovation incomplete' के नाम पर। लेकिन... असली वजह कुछ और थी।"
"क्या वजह थी?"
"मुझे Room 0 के बारे में पता चला। 2014 में। Naina की मृत्यु के बाद। मैंने... मैंने खुद research की। और पता चला कि Room 0... real है।"
"और आपने मुझे नहीं बताया?"
"नहीं बेटा। क्योंकि... मैं डर गया था। मुझे लगा कि अगर तुम्हें पता चलेगा... तो तुम Room 0 में जाओगे। और मैं... मैं तुम्हें भी खोना नहीं चाहता था।"
"लेकिन पापा... आपने Naina को भी नहीं बचाया।"
"नहीं बेटा। मैं... मैं नहीं बचा पाया। मैंने कोशिश की। बहुत कोशिश की। लेकिन Room 0... Room 0 बहुत मज़बूत है।"
"और अब? आप क्या करेंगे?"
"मैं... मैं तुम्हें सब बताता हूँ। जो कुछ भी मैं जानता हूँ।"
रात 9 बजे। Aarav घर पहुँचा। पापा बैठक के कमरे में बैठे थे। चाय। अख़बार। लेकिन आज चाय ठंडी थी।
"बैठो बेटा।"
Aarav बैठ गया।
"2015 में मैंने Room 0 के बारे में पता लगाया। Dr. Verma की files पढ़ीं। Dr. Raghav की research देखी। और... मैंने decide किया कि old wing बंद कर दूँगा। ताकि कोई Room 0 के करीब न जा सके।"
"लेकिन आपने Room 0 को बंद नहीं किया।"
"नहीं बेटा। Room 0 को बंद करना... इतना आसान नहीं है। मैंने कोशिश की। बहुत कोशिश की। लेकिन Room 0... Room 0 अलग है। वो सिर्फ एक कमरा नहीं है। वो एक force है।"
"force?"
"हाँ। जैसे gravity। जैसे time। Room 0 एक natural phenomenon है। जो reality को maintain करता है।"
"और Naina? Naina कैसे जुड़ी?"
पापा ने गहरी साँस ली। "Naina... बहुत होशियार थी। 2013 में उसने Room 0 के बारे में पता लगाया। और... वो Room 0 में गई।"
"क्यों?"
"तुझे बचाने के लिए।"
Aarav का दिल रुक गया। "मुझे? मुझे क्यों बचाना था?"
"Room 0 ने Naina को दिखाया था — तू मर रहा है। भविष्य में। और Naina ने... उसने सोचा कि अगर वो Room 0 में जाएगी... तो शायद तुझे बचा सकती है।"
"लेकिन नैना मर गई!"
"हाँ। Room 0 ने उसे mark कर दिया। और... वो वहीं फँस गई। लेकिन बेटा... Naina ने तेरे लिए जो किया... वो बहुत बड़ा sacrifice था।"
"लेकिन मैंने... मैंने नहीं कहा था कि मुझे बचाओ!"
"नहीं बेटा। Naina ने खुद decide किया। वो... वो तुझसे बहुत प्यार करती थी। और... शायद इसीलिए।"
Aarav चुप था। उसकी आँखें भीगी हुई थीं।
"पापा... Naina के last words क्या थे?"
पापा ने आँखें बंद कीं। "Naina ने कहा था... 'Bhaiya ko bolo Room 0 mat jaana।'"
Aarav का दिल टूट गया।
"लेकिन अब... मैं Room 0 में जा चुका हूँ।"
पापा ने उसे देखा। "हाँ बेटा। और ये... ये मेरी सबसे बड़ी डर है।"
रात 11 बजे। Aarav ने डायरी खोली:
"Father's Secret:
- Father knew about Room 0 since 2015
- He sealed old wing to prevent access
- He couldn't close Room 0 (natural phenomenon)
- Naina's last words: 'Bhaiya ko bolo Room 0 mat jaana'
- Naina sacrificed herself to save Aarav
- She's still inside Room 0
Aarav's guilt deepens:
- Naina died because of HIM
- She tried to save HIM
- Room 0 used this to mark her"
उसने डायरी बंद की।
"नैना," उसने फुसफुसाया। "तूने मेरे लिए sacrifice किया। और मैं... मैं तुझे बचा नहीं पाया।"
Room 0 ने कोई जवाब नहीं दिया। लेकिन Aarav को लगा — दूर से... बहुत दूर से... कोई मुस्कुरा रहा है।
Room 0 हमेशा मुस्कुराता है।
क्योंकि Room 0 हमेशा जीतता है।
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